रतलाम पुलिस ने 1.34 करोड़ की साइबर ठगी का पर्दाफाश
स्टाफ रिपोर्टर, रतलाम: डिजिटल अरेस्ट का नाटक रचकर फरियादी से करोड़ों की ठगी
रतलाम। अंतरराज्यीय साइबर ठगों के गिरोह ने डिजिटल अरेस्ट का नाटक रचकर एक फरियादी से 1.34 करोड़ रुपये की ठगी की। रतलाम पुलिस ने मामले का खुलासा करते हुए 11 आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जबकि कई की तलाश जारी है।
पुलिस के अनुसार फरियादी को 15 नवंबर को एक कॉल आया, जिसमें खुद को मुंबई क्राइम ब्रांच का अधिकारी बताकर उसके नाम से जारी सिम कार्ड का उपयोग 247 करोड़ रुपये के फर्जीवाड़े में होना बताया गया। आधार कार्ड और निजी दस्तावेज मांगे गए, इनकार करने पर गिरफ्तारी का भय दिखाया गया। वीडियो कॉल पर नकली कोर्ट और जज का सेटअप दिखाकर फरियादी को मानसिक दबाव में रखा गया।
फरियादी से 34 लाख 50 हजार रुपये विभिन्न खातों में ट्रांसफर कराए गए। जांच में सामने आया कि ठगी की रकम का उपयोग क्रिप्टोकरेंसी खरीद में भी किया गया।
पुलिस अधीक्षक के मार्गदर्शन में 18 सदस्यीय SIT गठित की गई। कार्रवाई में अशोक जायसवाल, सुनील जायसवाल, पवन कैलाश कंवर, अमरेश कुमार सहित कई आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। इनके खातों से ठगी की रकम का उपयोग और संदिग्ध लेन-देन पाए गए।
फरार आरोपियों की तलाश में पुलिस की टीमें बिहार और गुजरात रवाना की गई हैं।
मुख्य बिंदु (Box Item)
डिजिटल अरेस्ट का नाटक : नकली कोर्ट और जज दिखाकर दबाव बनाया गया
फरियादी से वसूली : 34.50 लाख रुपये विभिन्न खातों में ट्रांसफर कराए गए
क्रिप्टो में निवेश : ठगी की रकम से 5 लाख रुपये का अवैध लाभ कमाया गया
गिरफ्तारी : SIT ने अब तक 11 आरोपियों को पकड़ा, कई फरार
टीमें रवाना : फरार आरोपियों की तलाश में पुलिस दल बिहार और गुजरात भेजे गए

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